२. इनसे जब हम मिलें...पूज्य श्री सत्यप्रकाश महाराजश्री |
२. इनसे जब हम मिलें..पूज्य श्री सत्यप्रकाश महाराजश्री! ...महाराजश्री ने अब अपने गले की लगाम ढीली छोड़तें हुए भजन की तरफ रुख किया... घिसी हुई रेकोर्ड की तरह भजन सुनाई दे रहा था... वहां बैठे कुछ लोगों ने महाराजश्री का साथ देते हुए कोरस सोंग की तरह गाना...
[पूरी पोस्ट]
jayaka
26
1
0
1
5
[18 Jan 2009 03:56 AM]



Shuffle








