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जुगलबन्दी

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03 Jun 2010
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उन पांच मिनटों ने बदली मेरी ज़िन्दगी

 A german writer and artist was fascinated by a bollywood film to such extent that she learned language and translated a literary book to German language and got it published in Germany.ਇੱਕ ਜਰਮਨ ਲੇਖਿਕਾ ਹਿੰਦੀ ਫਿਲਮ 'ਮੁਹੱਬਤੇਂ' ਵਿੱਚ ਅਮਿਤਾਭ ਬੱਚਨ ਤੋਂ ਇੰਨੀ
 
विजेंद्र एस विज
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चित्रकार ए. रामचन्द्रन की कला : आधुनिकतावाद को खारिज करती एक सौन्दर्य दृष्टि

क्षणे-क्षणे यन्नवतामुपैति तदेवरूपं रमणीयतायाः ! -माघरामचन्द्रन के चित्रों से गुज़रना भारतीय वाङ् मय से गुज़रने जैसा है। रामचन्द्रन के चित्रों को देखना भारतीयता का सिंहावलोकन करना है। रामचन्द्रन के चित्रों का अवलोकन भारतीय समाज के विकास का अवलोकन है।
 
विजेंद्र एस विज
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इस अगम परिसर में - सम्पादकीय: विजय शंकर

पिछले दिनों महाराष्ट्र राज्य हिन्दी साहित्य अकादेमी ने सर्व भारतीय भाषा सम्मेलन, नागपुर में आयोजित किया था। यह दूसरा आयोजन था। पहला उन्होंने मुम्बई में किया था। मैंने भी उसमें शिरकत  की थी। मुझे बहुत खुशी हुई। साहित्य अकादेमी, दिल्ली को छोड़कर शायद
 
विजेंद्र एस विज
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इस वर्ष की डिजाईन पुस्तकें

 आकाश रस  - विजय शंकर | प्रकाशक - "क"  दिल्ली    दुबई ड्रीम्ज -शामलाल पुरी | प्रकाशक - "दुबई"   धूप से रूठी चांदनी  - सुधा ओंम ढींगरा | प्रकाशक - "शिवना सीहोर"  कोई दीवाना कहता है  - डा.
 
विजेंद्र एस विज
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कुछ ताजी कवितायेँ...

हाल में ही लिखीं कुछ ताजी कवितायेँ...अभी बीज बोयें हैं... वयस्क नहीं हुई हैं..ग्रो होने में समय लगेगा...1.कितनी बारऔर मिलोगे...थकते नहीं...कहीं तो रुको...तथ्य अकारण तो नहीं...शून्यता से परे...अनुरोध आपकामुक्त बंधनसाधना, निर्वासनआधूत, निमग्नसाक्षी बनकितनी
 
विजेंद्र एस विज
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पांचवा - इंटरनॅशनल पोयट्री फेस्टिवल आफ कृत्या-2010

कृत्या2010 के अन्तिम दिवस की शाम, हम सब अजीब सी मनोस्थिति में है, एक बेहद सशक्त काव्य पाठ की सुनहरी आभा के बीचोबीच में से गुजर चुके हैं, मादक मोहात्मकता हमें बाँध रही है यात्राएँ हमें अपने नीड़ की ओर ले चलने को तैयार हैं...अलग अलग भाषाएँ, अलग अलग अलग
 
विजेंद्र एस विज
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2010 | नव वर्ष मंगलमय हो !

सभी मित्रों को नव वर्ष की बहुत सी मंगल कामनायें..2010, आपके लिए खुशियों से भरा हो..
 
विजेंद्र एस विज
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कला नुमाइश| समकालीन आर्टिस्टस आफ इंडिया - 14th नवम्बर २००८-17th नवम्बर

कला नुमाइश , समकालीन आर्टिस्ट स आफ इंडिया कृत्या इंटरनेशनल फेस्टिवल आफ पोयट्री एंड आर्ट पंजाब आर्ट काउंसिल , चंडीगढ़ , भारत 14th नवम्बर २००८ -17th नवम्बर
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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दीपावली की शुभकामनाएं

आप सभी को दीपावली की शुभकामनाएं ॥
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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कृत्या इंटरनेशनल फेस्टिवल आफ पोएट्री एंड आर्ट, पंजाब आर्ट काउंसिल, चंडीगढ़

कृत्या इंटरनेशनल फेस्टिवल आफ पोएट्री एंड आर्ट 14th -16th नवम्बर २००८ पंजाब आर्ट काउंसिल , चंडीगढ़ अधिक जानकारी के लिए देखें .. http://kritya.in/Kritya2008/kritya2008-Homepage.html
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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उस्ताद की याद में

टाइटल : उस्ताद की याद में 24x24 इंच | डिजिटल आन पेपर सन -२००८, अगस्त
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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जश्न-ए-आजादी-१५ अगस्त २००८

जश्न-ए-आजादी.. .मुबारक.. .
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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एक नयी कलाकृति | लाईट्स ...कैमरा...एक्शन...कट..ट्..ट्..ट्

लाईट्स ...कैमरा...एक्शन...कट..ट्..ट्..ट् 20x30 इंच , एक्रेलिक आन कैनवास वर्ष - 2008
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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हाइकु दिवस समारोह -२००८

दु निया में सबसे अधिक चर्चित एवं आकार की दृष्टि से सर्वाधिक छोटी मात्र १७ अक्षर की कविता 'हाइकु` पर केन्द्रित 'हाइकु दिवस` का आयोजन साहित्य अकादमी नई दिल्ली के सभागार में ०४ दिसम्बर को किया गया। रवीन्द्र नाथ टैगोर और उनके बाद अज्ञेय जी ने अपनी जापान
 
विजेंद्र एस विज
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'कृत्या , एक जर्नी ' - एक फिल्म की कोशिश

कृत्या , एक जर्नी ' , डी . वी . फ़िल्म , समय सीमा - १० मिनट यह फिल्म कृत्या अंतर्राष्ट्रीय पोयट्री फेस्टिवल में दिखाई गयी फेस्टिवल १४ - १६ नवम्बर तक था , जिसमे देश विदेश के तमाम लेखकों , कवियों , चित्रकारों ने शिरकत ली॥ हम भी इस समारोह का हिस्सा बने
 
विजेंद्र एस विज
Dec 29 2009 11:44 AM
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कुमार विश्वास की लुटायी मस्ती में झूमते रहे श्रोता...

स्वर्गीय कैलाश गौतम स्मृति समारोह ... कोई दीवाना कहता है, कोई पागल समझता है मगर धरती की बेचैनी को बस बादल समझता है !! मैं तुझसे दूर कैसा हूँ , तू मुझसे दूर कैसी है ! ये तेरा दिल समझता है या मेरा दिल समझता है !! इन पंक्तियों से काव्यजगत और कविसम्मेलनी
 
विजेंद्र एस विज
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इंटरनेशनल फेस्टीवल आफ पोएट्री - कृत्या - 2010

इंटरनेशनल फेस्टीवल आफ पोएट्रीकृत्या - २०१०फरवरी - 3rd -5th - 2010मैसूर - भारतअधिक जानकारी
 
विजेंद्र एस विज
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राष्ट्रीय युवा समागम 2009

‘मीमांसा एक पहल’ के तत्वावधान मेंराष्ट्रीय युवा समागम 20093-4 अक्टूबर, दरभंगा, बिहारसंक्षिप्त विवरण :उद्धाटन : 3 अक्टूबर, 2009प्रात: 10.00 बजेसमापन : 4 अक्टूबर, 2009रात्रि 10.00 बजेस्थान : बहेड़ा हाईस्कूल मैदानदरभंगा (बिहार)पंजीकरण की अंतिम तिथि : 30
 
विजेंद्र एस विज
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हॉस द्स वेंएस - मधुशाला

लम्बे अरसे बाद क्लौदिया की किताब पब्लिश हो ही गयी.. २ साल पहले उन्होंने मधुशाला की रूबाइयों का अनुवाद अपनी जर्मन भाषा में लिखा और हर रूबाइयों पर चित्र भी बनाये हिंदी के प्रति उनका यह प्रेम अनूठा है वह हिंदी सीखती हैं और पढ़ती भी हैं.. बच्चन साहब की
 
विजेंद्र एस विज
Aug 22 2009 04:36 PM
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तयेब मेहता को समर्पित कृति

मदर ' डेडीकेटेड टू तयेब मेहता 12 x 18 इंच , इंक पेन , आयल पेस्टल कलर , आन पेपर जून - २००९ ,
 
विजेंद्र एस विज
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चित्रकार - तयेब मेहता

त येब मेहता , 2 जुलाई , 2009, को मुम्बई के एक अस्पताल में दिल के दौरे से उनका निधन हो गया..वह 84 वर्ष के थे .. वह २ साल से बीमार चल रहे थे उन्होंने अपना काफी समय मुम्बई में व्यतीत किया.. 25 जुलाई सन 1925 में गुजरात के कपड़वंज , खेडा डिस्ट्रिक्ट में ज
 
विजेंद्र एस विज
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कहाँ गए आखिर ....बीच के..उनतीस-तीस पेज...

अ रसे के बाद आज अचानक ही कुछ ख़याल जेहन में उभर आये.. बड़े ही चटक हैं.. कहते हैं यादें अक्सर धुंधली हो जाती हैं..लेकिन यह तो दिनोदिन और चटक होती जा रहीं हैं... हम बदल गएँ हैं.. लेकिन भाषा वही है और लोग भी.. बस वक्त काफी आगे चला गया है महज ३० बरस आगे.
 
Vijendra S Vij
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कहाँ गए आखिर ..बीच के.. उनतीस-तीस पेज...

अ रसे के बाद आज अचानक ही कुछ ख़याल जेहन में उभर आये.. बड़े ही चटक हैं.. कहते हैं यादें अक्सर धुंधली हो जाती हैं..लेकिन यह तो दिनोदिन और चटक होती जा रहीं हैं... हम बदल गएँ हैं.. लेकिन भाषा वही है और लोग भी.. बस वक्त काफी आगे चला गया है महज ३० बरस आगे.
 
Vijendra S Vij
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शिवम् - एक भरतनाट्यम प्रस्तुति - गीता चंद्रन

दोस्तों, कमानी सभागार, कापरनिक्स मार्ग, नई दिल्ली (मण्डी हाउस) में सु श्री गीता चंद्रन और उनकी डांस कंपनी ' नाट्य वृक्ष ' की भरतनाट्यम प्रस्तुति आज - 6 मार्च शाम 7 बजे देख सकते हैं॥
 
Vijendra S Vij
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ब्लॉग-पाठ : एक सिलसिला

वीं जयजयवंती साहित्य-संगोष्ठी हिन्दी का भविष्य और भविष्य की हिन्दी ब्लॉग-पाठ : एक सिलसिला मुख्य अतिथि : डॉ. प्रभा ठाकुर , वरिष्ठ कवयित्री एवं सांसद अध्यक्ष : डॉ. रामशरण जोशी , उपाध्यक्ष , केन्द्रीय हिन्दी संस्थान सम्मान : वरिष्ठ भाषाविद् प्रो। सूरज भ
 
Vijendra S Vij