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सुनो भाई साधो...........

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09 Mar 2010
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नारी के नाम पर मचता ढोंग

आखिर वहीं हुआ जिसके लिए महिला आरक्षण विधेयक अभिशप्त है। हवा में तैरते विधेयक के टुकड़ों और अभूतपूर्व हंगामे के बीच सोमवार को महिला आरक्षण विधेयक राज्यसभा में चर्चा के लिए पेश तो हो गया, लेकिन विधेयक विरोधी सांसदों के हुड़दंग और बागी तेवरों के चलते चर्चा
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तस्वीरें जो बोलती हैं-भाग 5

लीजिये फ़िर से भारत को तस्वीरों के माध्यम से देखने-समझने के लिये प्रस्तुत है मेरी ये पोस्ट.पहले और द्वित्तीय,तृतीय,चतुर्थ भाग के बाद आज फ़िर से उसी श्रंखला को दोहराने का मन हो चला तो मेरे द्वारा सहेजकर रखी गयीं इन तस्वीरों को पोस्ट के रूप में प्रस्तुत कर
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राहुल राज का कदम भगत सिहं सरीखा था

मुम्बई बेस्ट एन्काउंटर में मारे गये राहुल राज ने न केवल खुद को इस देश की गन्दी राजनीति की आग में झोंक दिया बल्कि मुझे लगता है कि उसने खुद ये काम अपनी प्रेरणा से दूसरों को आगे आने के लिये किया क्योंकि जिस तरीके से ये काम उसनें किया वही तरीका भगत सिंह
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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अविनाश बाबू आपको अभी भी शर्म नहीं आती?

आज फ़िर से शर्मसार करते हुये अविनाश नें एक व्यक्तिगत पत्र को फ़िर से सार्वजनिक कर दिया है जो निंदनीय है और शायद अविनाश बाबू की रगों में बहते नापाक इरादों का फ़ल , क्योंकि इन्होने एक सीधे-साधे इंसान का सार्वजनिक रूप से अपमान किया है.श्री सुरेश चंद्र गुप्
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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बिना एंटी-वायरस के अपने यू.एस.बी. ड्राइव को कैसे क्लीन करें यानी वायरस रहित

मैने पिछली पोस्ट में बताया था कि बिना एंटी-वायरस के नेट-सर्फ़िंग कैसे करें जिसे आप लोगों ने सराहा! अब जानते हैं कि यू.एस.बी. में मौजूद वायरस को कैसे हटायें?जैसा कि आप जानते होंगे कि 90% वायरस यू.एस.बी. और सी.डी.ड्राइव से फ़ैलते हैं ये सब एक प्रोग्राम य
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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क्या बिना एंटी-वायरस के सेफ़ इंटरनेट ब्राउजिंग संभव है?

यकीन नहीं होता ना! लेकिन ये मैने संभव किया है क्योंकि मैं पिछले छः माह से बिना एंटी-वायरस के कंप्यूटर का इस्तेमाल कर रहा हूँ और वो भी बिना किसी नुकसान के.अब कैसे संभव हुआ ये जानते हैं.....सबसे पहले मैने फ़ायर-फ़ॉक्स का एक पुराना वर्जन डाउनलोड किया वर्ज
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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अतुल्य भारत - मेरी यात्राओं से (भाग -दो)

पिछले भाग में मैने कुछ तस्वीरें और कुछ संछिप्त परिचय दिया था अपनी पिछली चार माह के गायब रहने का कारण सहित.अब कुछ फ़ुर्सत है और लिखने का उचित समय भी तो हाजिर है भाग-दो---------------------------------------------------------------------------मेरी यात्र
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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जागो रे! ये एक मजाक है यां पब्लिसिटी का नया फ़ंडा

पिछले लगभग एक महीने से मैं इस जागो रे नामक एड को देख रहा हूँ और कई दिनों से इस वेबसाइट को भी देख रहा हूँ.बहुत सी कमियां हैं जो देखने के बाद पता चलता है कि वेबसाइट बनाने वालों ने सिर्फ़ अपने उत्पाद को लोकप्रिय बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी है इसलिये ये ए
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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तो अब पूरी तैयारी है युवा ब्लॉग के छाने की!

मेरे प्यारे साथियों किसी कारणवश मैं अपने इस अति महत्वपूर्ण मंच "युवा" ब्लॉग को चालू नहीं कर पा रहा था. लेकिन अब पूरी तैयारियों और नये जोश के साथ इस प्रयास को दुबारा जीवित करने का संकल्प लिया है और साथ ही साथ ये भी कोशिश रहेगी कि इस मंच के साथ अधिक से
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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अब विन्डोज एक्स. पी. में अपने यू.एस.बी. ड्राइव को रैम की तरह इस्तेमाल करिये

आपने विन्डोज विस्टा की एक स्पेशल खूबी तो पहचानी ही होगी! अगर नहीं जानते हैं तो मैं बताता हूँ, विन्डोज विस्टा में एक स्पीडबूस्टर नामक सॉफ़्ट्वेयर इनबिल्ट है जिससे आप अपनी यू.एस.बी. ड्राइव को रैम की तरह इस्तेमाल कर सकते है.ये एक कमाल का सॉफ़्टवेयर है विस
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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ब्लॉगर शब्द का हिन्दी नामकरण क्या हो सकता है? इसे जनमानस तक पहुँचाने के लिये कुछ आसान और बढिया शब्द बताइये!

आज रवीश जी ने एक अलग ही विचार प्रकट किया है जो उचित है ब्लॉगर को फुटबॉलर कहें, यकीनन उनके मन में उपजी इस बात को कई लोगों ने समझा होगा यां नहीं लेकिन ये सच है कि ब्लॉगर और चिट्ठा और पत्रकार के बीच की खाई को पाटने के लिये हमें कोई विकल्प तलाशना होगा जो
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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मेरा देश प्यासा है और आप गंगाजल को बचाने में लगे हुये हैं

ये सवाल मैं नहीं आज लगभग देश का हर नागरिक सोच रहा है क्या वाकई में गंगा को बचाने के लिये देश के प्रधानमंत्री इस कमेटी के अध्यक्ष होंगे ? अगर जवाब हाँ है तो उनके कार्यकाल के बाद क्या अगले प्रधानमंत्री को ये सब कार्य करने की सुध रहेगी ? क्या राज्यों के
 
कमलेश मदान
Dec 29 2009 11:41 AM
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भारतीय सिनेमा का बदलता जायका - भाग १

अभी तक हमने भारतीय सिनेमा में रोमांस, मारधाङ और बदला लेने वाले विषय को ही अलग-अलग रूपों में चरित्रार्थ होते देखा है जो अब तक भारतीय सिनेमा को एक ही शैली में ढाले हुये थी । लेकिन करीब साल 2000 के आसपास ऐसे फ़िल्म निर्माताओं का आगमन हुआ जिन्होने भारतीय
 
कमलेश मदान
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पानी तेरे कितने रूप!

पानी! जीवनदायक लेकिन् कभी-कभी जीवन हरक, इस पानी ने इस साल कितने रूप दिखाये, न जाने कितने लोगों को घर से बेघर कर दिया, नजाने कितनों को लील गया तो कहीं दूसरी ओर चंद पानी की बौछारें इस देश को शर्मसार करती रहीं जो पानी का ही एक रूप था.आइये नीचे देखते हैं
 
कमलेश मदान
Oct 14 2009 07:38 PM
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लो आ गया जमाना USB ३.० का

कहने को यह छोटा सा कनेक्टर है लेकिन आज इसकी अनिवार्यता इसके नाम से ही पता चलती है कि इसने कितनी जल्दी डाटा ट्रांसफ़र और डेटा सेव और अन्य तकनीकी उत्पादों की कार्यक्षमता को बढाया है और कम्प्यूटर के क्षेत्र को कितना सुगम और तीव्र गति प्रदान की है।सन 1996
 
कमलेश मदान
Oct 14 2009 07:38 PM
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क्या ये दिल्ली सरकार को दिखायी नहीं देता है?

ये सवाल अजीब है लेकिन मेरे कल के एक दिन के अनुभव ने बता दिया कि वाकई दिल्ली बस दूर से देखने लायक ही बची है, भेड़चाल और लीपापोती में जुटी सरकार का दिल्ली को सुधारने की जो कयावद चल रही है शायद वो ढकोसला ही लगता है एक बानगी....अब शुरू करते है, हुआ यूँ कि
 
कमलेश मदान
Oct 14 2009 07:38 PM
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क्या आप अपने हार्ड-डिस्क से वास्तव में डाटा डिलीट करते हैं

मेरे ख्याल से नहीं !वाकई में जब हम अपने हार्ड-डिस्क से डाटा डिलीट करते हैं तो क्या वो Recycle Bin से डिलीट होकर भी रह जाता है ?आइये जानते हैं कैसे --क्लिक करें........
 
कमलेश मदान
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Blue Card अगर लागू हो जाये तो फ़ायदा सभी को और नुकसान सिर्फ़ अमेरिका को ही होगा

अमेरिका ने जिस तरह ग्रीन कार्ड का नियम बना रखा है और जिस तरह से वो अब विदेशी कामगारों यां विदेशी हुनर को भुनाता आ रहा है , लगत है उसका वर्चस्व अब टूटने को है क्योंकि यूरोपीय संघ के देशों ने blue card को जारी करने की घोषणा कर दी है, लगता है अब भारत मे
 
कमलेश मदान
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चुनाव आचार संहिता क्या है ?

अभी तक तो हम "चुनाव आचार संहिता " के बारे में सुनते ही आये हैं लेकिन क्या हमें पता है कि ये आचार संहिता क्या है और इसके क्या नियम हैं ?आइये जानते हैं.....आदर्श आचार संहिता के लागू होते ही मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, दिल्ली और मिजोरम में सरकार और
 
कमलेश मदान
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कुछ सनसनी फ़ैलायी जाये ! ऐसी सनसनी जो हिलाकर रख दे

जी हाँ इस बार मैने कुछ नया करने की सोची है और आप लोगों की दुआ रही तो बस ये भी जरूर होगा लेकिन उससे पहले मेरी सनसनीखेज खबर का दीदार तो कर लीजिये.................बस इसके लिये आपको मेरे युवा ब्लॉग पर क्लिक करना होगा.
 
कमलेश मदान
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पहली बार लगा कि मैं भारतीय हूँ

जी हाँ इस वर्तमान में मुझे इसका सुखद एहसास हो ही गया कि मैं एक भारतीय हूँ,लेकिन एक बहुत ही अजीब तरीके से...कैसे? आइये जानें!हुआ ये कि मैं अपने मित्र के साथ एक मल्टीप्लेक्स सिनेमाघर में एक हॉलीवुड यानी अंग्रेजी भाषा की फ़िल्म देखने गया.बस हम फ़िल्म के प
 
कमलेश मदान
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लोकतंत्र पर हावी एक अदना सा आई.पी.एल.

पिछले कुछ हफ़्तों से बस दो ही विषय सुनायी दे रहे हैं पहला तो चुनाव और दूसरा आई.पी.एलअव्वल तो चुनाव के लिये ही मारामारी और काफ़ी हो-हल्ला मचा, नवीन चावला की बर्खास्तगी और नियुक्ति चर्चा का विषय बनीं लेकिन इन सबको एक कामयाब व्यापारी यां ये भी कह सकते हैं
 
कमलेश मदान
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योग गुरू बाबा रामदेव ने कभी इस ओर भी ध्यान दिया है?

योग के ढोंग करके और कोला कम्पनियों को पानी पी-पीकर कोसने वाले बाबा रामदेव ने उन कम्पनियों की नाक में नकेल डाल रखी है, और अब शायद वो अपना देसी कोला का भी व्यापार चालू करने वाले हैं यानी दुकानदारी चोखी ही होगी! लेकिन....लेकिन बाबा रामदेव यह भी जानते है
 
कमलेश मदान
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क्या होली ऐसी होती है?

इन तस्वीरों में बयां दर्द आपको होली मनाने के लिये मजबूर कर रहा है? नहीं ना क्योंकि ये लोग खून की होली खेल चुके हैं अब क्या होली खेलने के लिये कुछ बचा है ?
 
कमलेश मदान
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लो अब "रवीश भाई" भी तालिबान-तालिबान गाने लगे!

कल तक एन.डी.टी.वी. के प्राइम टाइम के सुपरहीरो बनकर आये रवीश भाई जिस इंडिया टी.वी. के तालिबान के ऊबाउ कार्यक्रमों की खिल्लियां उड़ाकर यह कहते फ़िर रहे थे कि ये कार्यक्रम आपकी रातों की नींद खराब कर सकते हैं जो केवल यू-ट्यूब पर पोस्ट किये नकली आतंवादी ड्र
 
कमलेश मदान
Feb 11 2009 06:32 PM
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आज की शाम कॉलेज के कॉफ़ी-हाउस के नाम

आज सैकड़ा हो गया पोस्ट लिखते-लिखते तो सोचा कि कहाँ लिखूं तो मन में आया कि कहीं दूर न जाकर बस वहीं से शुरू करते हैं जहाँ लोग अपनी जिंदगी के सबसे यादगार दिन बिताते हैं..... तो बस चल दिये अपनी गाड़ी को उस कॉफ़ी शॉप से दूर पार्किंग करके क्योंकि उन दिनों मेर
 
कमलेश मदान
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परवेज मुशर्रफ़ के बोये बीज ने अब बबूल के रूप में पाकिस्तान की मौत का सामान तैयार कर लिया है

आज जिस पाकिस्तान पर अमेरिका समेत समस्त विश्व अपनी भौहें तिरछी कर रहा है, उसी पाकिस्तान के जनरल रहे परवेज मुशर्रफ़ ने किस तरह अपने मुल्क में आतंक और पश्चिमी देशों से मित्रता (अमेरिका) का ढोंग किया ! उसके इसी कदम से उसी के मददगार रहे अफ़गानिस्तान और मुस्
 
कमलेश मदान
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मेरा देश : गली,मोहल्ले, कॉलोनी और सोसाइटी और अब टाउनशिप की वैराइटी वाला गणतंत्र दिवस कैसे मनाया जाता है? आइये जानें

पहला सीन - एक तंग गली में कुछ बच्चे जो मैले कुचैले फ़टेहाल कपड़ों में कचरा बीन रहे हैं,कुछ सुअर साथ दे रहे हैं और कुछ कुत्ते उनकी पहचान को सार्थक बना रहे हैं. इस गली के आखिरी छोर पर एक लड़की भीख मांगने का नाटक करते हुये अपने जिस्म के खरीददार को खोज रही
 
कमलेश मदान
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अविनाश ! आपको आईना दिखा रहा हूँ, हो सके तो शर्म करना

अभी तक तो लोगों ने समझा था कि अविनाश कुछ हद तक महत्वाकांक्षी हैं लेकिन अब तो लग रहा है कि उन्होने उस सीमा-रेखा को भी लांघ दिया है जहाँ से इंसान का पतन शुरू हो जाता है. पहले-पहल आप ही सभी लोगों को
 
कमलेश मदान
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अविनाश बाबू ! ये तो होना ही था

आज जनसत्ता के कार्यकारी संपादक श्री ओम थानवी का जो पत्र आपने सार्वजनिक किया है आपकी व्याकुलता और हताशा उससे जाहिर हो रही है ! जाहिर है साफ़ तौर पर हर जगह आपकी मठाधीशी और आपका मॉडरेशन तो चलने से रहा!
 
कमलेश मदान