7
चोरबजारी,इतना ज़्यादा,मारामारी,इतना ज़्यादा-----(विनोद कुमार पांडेय)
चोरबजारी,इतना ज़्यादामारामारी,इतना ज़्यादाउन्नत देश हो रहा यारोपर बेकारी,इतना ज़्यादामँहगाई बढ़-चढ़ कर बोलेमालगुजारी,इतना ज़्यादानिर्धन की नैनों में देखोहै लाचारी,इतना ज़्यादाचारो तरफ फँसी हैं पब्लिकहाहाकारी,इतना ज़्यादासत्ता-कुर्सी लोभी नेतामें मक्कारी
Jun 10 2010 06:38 AM


Shuffle








