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31 Dec 2009
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आग की भीख

धुँधली हुई दिशाएँ, छाने लगा कुहासा, कुचली हुई शिखा से आने लगा धुआँसा। कोई मुझे बता दे, क्या आज हो रहा है, मुंह को छिपा तिमिर में क्यों तेज सो रहा है? दाता पुकार मेरी, संदीप्ति को जिला दे, बुझती हुई शिखा को संजीवनी पिला दे। प्यारे स्वदेश के हित अँगार
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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चिंता

हिमगिरि के उत्तुंग शिखर पर, बैठ शिला की शीतल छाँह, एक पुरुष, भीगे नयनों से देख रहा था प्रलय प्रवाह। नीचे जल था ऊपर हिम था, एक तरल था एक सघन, एक तत्त्व की ही प्रधानता-कहो उसे जड़ या चेतन। दूर-दूर तक विस्तृत था हिम स्तब्ध उसी के हृदय-समान, नीरवता-सी शि
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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मधुशाला

मधुशाला मृदु भावों के अंगूरों की आज बना लाया हाला, प्रियतम, अपने ही हाथों से आज पिलाऊँगा प्याला, पहले भोग लगा लूँ तेरा फिर प्रसाद जग पाएगा, सबसे पहले तेरा स्वागत करती मेरी मधुशाला।।१। प्यास तुझे तो, विश्व तपाकर पूर्ण निकालूँगा हाला, एक पाँव से साकी ब
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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कारवाँ गुज़र गया

स्वप्न झरे फूल से, मीत चुभे शूल से, लुट गये सिंगार सभी बाग़ के बबूल से, और हम खड़ेखड़े बहार देखते रहे। कारवाँ गुज़र गया, गुबार देखते रहे! नींद भी खुली न थी कि हाय धूप ढल गई, पाँव जब तलक उठे कि ज़िन्दगी फिसल गई, पातपात झर गये कि शाख़शाख़ जल गई, चाह तो निकल
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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आज का सवाल

मान्यता थी कि राजनीति के मूल्य शाश्वत नहीं होते अपितु तात्कालिक होते हैं। हमारे देश के कुछ राजनेता जिस प्रकार का आचरण कर रहे हैं उससे लगता है कि राजनीति मूल्यविहीन हो गई है। मुंबई में हुए आतंकी हमले के बाद जब सारा देश आतंकियों से जंग की मानसिकता के स
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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ज्ञान, कर्म और भक्ति

प्राचीनकाल से लोग कहते आए हैं कि परमपुरुष को पाने का रास्ता त्रिविध है - ज्ञान , कर्म और भक्ति । लोग कहते हैं कि ज्ञान से समझ लेते हैं कि परमात्मा क्या है , वे स्वयं क्या हैं और परमात्मा को पाना क्या है ? यह विचारणीय है कि ज्ञान से कोई मनुष्य कैसे सम
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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मजबूरी की राजनीति

आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और कांग्रेस के बीच चल रही तकरार में दोनों की मजबूरी झलकती है। बिहार में आरजेडी और कांग्रेस में तालमेल न हो पाने के कारण दोनों ने अलग-अलग राह पकड़ ली है। राज्य की लगभग सभी सीटों पर कांग्रेस ने अपने उम्मीदवार खड़े किए ह
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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लड़ाई लोकतंत्र की अच्‍छाइयों पर हावी हुई बुराइयों से है

मत केवल दस फीसदी लोगों का मि‍ला, पर सत्‍ता हाथ में आ गई। देश के बहुतेरे राज्‍यों में इतना या इससे कम मत पाने वाली पार्टियां सरकार चला रही हैं। मात्र एक वि‍धानसभा क्षेत्र के लोगों का प्रति‍नि‍धि‍त्‍व करने वाले नि‍र्दलीय वि‍धायक को पूरे राज्‍य (झारखंड)
 
आशुतोष कुमार राय
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क्या चुनाव संबंधी आदर्श आचार संहिता कागजी साबित हो रही है?

आज के सवाल बहुत समय के बाद आज कुछ लिखने के लिए बैठा हूँ. मन में बहुत सारे सवाल पैदा हो रहे हैं आज के ताज़ा हालत पर।आप सब से भी मैं ये विनती करूंगा कि इस विषय को गम्भीरता से लें और ज्यादा से ज्यादा लोगों के बीच इसकी चर्चा करें।REPUBLIC OF INDIA (भारती
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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राम के जीवन के चार ताप और चार कषाय

राम का चरित्र विलक्षण है। वे दूसरों के कष्ट दूर करते रहे और स्वयं कष्ट झेलते रहे। अपने कष्टों की परवाह न कर उन्होंने अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध संघर्ष किया। राक्षसों के साथ उनके संघर्ष की पूरी कथा उनके उदात्त चरित्र को उजागर करती है। कष्टों के समय
 
आशुतोष कुमार राय
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हमारे नेताओं ने छीन लिए हैं शब्दों के अर्थ

दो के बाद अब तीसरा मोर्चा भी बन गया है। ब्लैकमेलिंग की राजनीति शुरू हो गई है। प्रजातंत्र में जिस वट की ताकत आम आदमी के पास होती थी वह अब उससे छीन ली गई है। उस ताकत का इस्तेमाल राजनेता कुर्सी पाने के लिए करेंगे। इन सबके लिए किसे दोषी ठहराया जाए? पहली
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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गरीबी तो हमेशा ही बिकती है जी

इधर इस बात को लेकर बड़ा हंगामा रहा जी, कि देखो ये स्लमडॉग वाले भारत की गरीबी बेच रहे हैं। अब देखो जी, हम पाकिस्तान तो हैं नहीं कि आतंकवाद बेच दें। पाकिस्तान के सिर्फ कहने भर की देर होती है कि हमारे यहां आतंकवाद है और अमेरिका झट से मिलियंस और बिलियंस
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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मानवता की सेवा

सेवा का सीधा मतलब केवल धन के लिए काम करने तक सीमित मानना उचित नहीं है। यह मात्र व्यावसायिक अर्थो तक कर्मशील नहीं है , वरन नि : स्वार्थ भावना का विस्तृत क्षेत्र भी है। लोक सेवा का वास्तविक तात्पर्य जनहित तथा लोक कल्याण के उद्देश्य से उत्तरदायित्वपूर्ण
 
आशुतोष कुमार राय
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क्रिकेट पर हमला

भारतीय अख़बारों ने पाकिस्तान में श्रीलंका की टीम पर हमले पर गंभीर चिंता जताई है. अख़बारों ने इस क्रिकेट पर हमला क़रार दिया है और दक्षिण एशिया में क्रिकेट के भविष्य पर सवाल उठाए हैं. अमर उजाला का शीर्षक है- लहूलुहान क्रिकेट. अख़बार लिखता है- इसे कहते
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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श्रीलंकाई टीम पर पाक में हमला

पाकिस्तान दौरे पर गई श्रीलंकाई क्रिकेट टीम पर मंगलवार को करीब एक दर्जन नकाबपोश आतंकवादियों ने घात लगाकर हमला कर दिया। इस हमले में श्रीलंकाई टीम के छह खिलाड़ी और कोच जख्मी हो गए। रॉकेट, हैंड ग्रेनेड और स्वचालित हथियारों से हुए इस हमले में आठ लोग मारे
 
आशुतोष कुमार राय
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‘कौन मैं’ 'कौंन तू’

वैदिक साहित्य में मानव और उसकी संस्कृति के विकास को रेखांकित करती असंख्य कथाएँ गुथी हुई हैं। आवश्यकता उनके सही अर्थ समझकर उनकी, आधुनिक संदर्भ में, नए सिरे से व्याख्या करने की है। पुराण और इतिहास को सृजन का आधार बनाया जाए या नहीं, इस पर दो मत हैं। एक
 
आशुतोष कुमार राय
Dec 29 2009 11:42 AM
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भारत का विभाजन

भारत का विभाजन विश्व इतिहास की सबसे विनाशकारी घटनाओं में से एक है। अगस्त, 1947 में भारत और पाकिस्तान में सत्ता का हस्तांतरण ब्रिटेन द्वारा उपनिवेशवादी को खत्म करने की दिशा में पहला महत्त्वपूर्ण कदम था, जिसके साथ उसकी अंतरराष्ट्रीय शक्ति के दूरगामी पर
 
आशुतोष कुमार राय
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हमारे चिंतन की मूलधारा

जब भी हमारे समाज में लड़कियों को शिक्षित करने की बात होती है, एक वर्ग के लोगों को यह बात नहीं रुचती। वे इसे अपनी परंपरा और संस्कृति के विरुद्ध मानते हैं। मैं नहीं जानता कि वे किस परंपरा और किस संस्कृति के आधार पर ऐसा कहते हैं ? जहाँ तक मेरी अपनी समझ
 
आशुतोष कुमार राय
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भइया, हम भी प्रधानमंत्री बनेंगे

इधर बिना किसी घोषणा के कई दिनों से कुछ नहीं लिखा। किसी ने नहीं मनाया कि क्यूँ नहीं लिख रहे, भैया । कारण-बिना मार्केटिंग कुछ भी हासिल नहीं। नहीं लिखना हो तो भी बताना पड़ता है कि नहीं लिखूँगा अब से। तब तो लोग चेतते हैं कि काहे नहीं लिखोगे भाई? क्या हुआ?
 
आशुतोष कुमार राय
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आशा का दीपक

वह प्रदीप जो दीख रहा है झिलमिल दूर नही है थक कर बैठ गये क्या भाई मन्जिल दूर नही है चिन्गारी बन गयी लहू की बून्द गिरी जो पग से चमक रहे पीछे मुड देखो चरण-चिनह जगमग से बाकी होश तभी तक, जब तक जलता तूर नही है थक कर बैठ गये क्या भाई मन्जिल दूर नही है अपनी
 
आशुतोष कुमार राय
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एक टाइगर, 10 हसीनाएं

नंबर 1 गॉल्फर टाइगर वुड्स और उनकी पत्नी ऐलिन का यह रोमैंस बीती बात हो चुका है। वुड्स की शादीशुदा जिंदगी में तूफान मचा है। वजह वही पति-पत्नी और वो! वुड्स के साथ रिश्तों का दावा करने वाली महिलाओं की तादाद बढ़ते-बढ़ते 10 तक जा पहुंची हैं। कौन कौन हैं ये
 
आशुतोष कुमार राय
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देश का मोस्ट वॉन्टेड आतंकवादी रेलवे का कर्मचारी

तिनसुकिया (असम)।। देश के मोस्ट वॉन्टेड आतंकवादियों में एक परेश बरुआ पिछले तीन दशकों से ऑफिस नहीं जाने के बावजूद अभी तक केंद्र सरकार का कर्मचारी बना हुआ है। यूनाइटेड लिबरेशन फ्रंट ऑफ असम (अल्फा) के स्वयंभू कमांडर बरुआ को वर्ष 1978 में 21 साल की उम्र म
 
आशुतोष कुमार राय
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यह कहानी तो ....

यह कहानी तो कुछ-कुछ यश चोपड़ा की फिल्म 'कभी कभी' जैसी है। सरला देवी रविंद्र नाथ ठाकुर की भतीजी थीं। उनके पति चौधरी रामभज दत्त आर्य समाज और कांग्रेस में अच्छी पैठ रखते थे। वह जब जेल में थे तो गांधी जी उनकी पत्नी के मेहमान थे, उनके घर में। चार बच्चों क
 
आशुतोष कुमार राय
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आज की हिन्दी

आजकल भारत में ‘भविष्य की हिंदी व हिंदी का भविष्य’ को लेकर बहुत सी परिचर्चाएं, गोष्ठियों व कार्यशालाओं का आयोजन किया जा रहा है। अपनी भाषा को लेकर जो गर्व, जो उत्साह होना चाहिए उसकी हम भारतीयों में बहुत कमी है। हम हिंदी के ऩाम पर भाषणबाजी तो खूब करते ह
 
आशुतोष कुमार राय
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भारत-चीन सीमा विवादःइतिहास से सबक की जरूरत

चीनी सेना ने लद्दाख में कई जगहों पर घुसकर चट्टानों को लाल रंग से रंग दिया है, कई स्थानों पर अपने झंडे लगा दिए हैं। हमारी सेना इनकार कर रही है। रक्षामंत्री कह रहे हैं कि कोई विवादित मुद्दा नहीं है। लद्दाख की सीमाओं पर एकदम शांति है। वे पूरे मामले को
 
आशुतोष कुमार राय
Sep 11 2009 10:44 AM
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ज्ञान, कर्म और भक्ति

प्राचीनकाल से लोग कहते आए हैं कि परमपुरुष को पाने का रास्ता त्रिविध है - ज्ञान , कर्म और भक्ति । लोग कहते हैं कि ज्ञान से समझ लेते हैं कि परमात्मा क्या है , वे स्वयं क्या हैं और परमात्मा को पाना क्या है ? यह विचारणीय है कि ज्ञान से कोई मनुष्य कैसे सम
 
आशुतोष कुमार राय
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दहशत, दर्द और आक्रोश की अभिव्यक्ति

दिल्ली के अख़बारों ने मुंबई में चरमपंथियों के हमले को लेकर लोगों में व्याप्त तनाव, ग़म और गुस्से को अपने पन्नों पर व्यक्त किया है. हिंदुस्तान का शीर्षक है- दहशत, दर्द और आक्रोश. हिंदुस्तान का कहना है कि देश की आर्थिक राजधानी के आलीशान ताज और ट्राइडें
 
आशुतोष कुमार राय
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मजबूरी की राजनीति

आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और कांग्रेस के बीच चल रही तकरार में दोनों की मजबूरी झलकती है। बिहार में आरजेडी और कांग्रेस में तालमेल न हो पाने के कारण दोनों ने अलग-अलग राह पकड़ ली है। राज्य की लगभग सभी सीटों पर कांग्रेस ने अपने उम्मीदवार खड़े किए ह
 
आशुतोष कुमार राय
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लड़ाई लोकतंत्र की अच्‍छाइयों पर हावी हुई बुराइयों से है

मत केवल दस फीसदी लोगों का मि‍ला, पर सत्‍ता हाथ में आ गई। देश के बहुतेरे राज्‍यों में इतना या इससे कम मत पाने वाली पार्टियां सरकार चला रही हैं। मात्र एक वि‍धानसभा क्षेत्र के लोगों का प्रति‍नि‍धि‍त्‍व करने वाले नि‍र्दलीय वि‍धायक को पूरे राज्‍य (झारखंड)
 
आशुतोष कुमार राय
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क्या चुनाव संबंधी आदर्श आचार संहिता कागजी साबित हो रही है?

आज के सवाल बहुत समय के बाद आज कुछ लिखने के लिए बैठा हूँ. मन में बहुत सारे सवाल पैदा हो रहे हैं आज के ताज़ा हालत पर।आप सब से भी मैं ये विनती करूंगा कि इस विषय को गम्भीरता से लें और ज्यादा से ज्यादा लोगों के बीच इसकी चर्चा करें।REPUBLIC OF INDIA (भारती
 
आशुतोष कुमार राय
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राम के जीवन के चार ताप और चार कषाय

राम का चरित्र विलक्षण है। वे दूसरों के कष्ट दूर करते रहे और स्वयं कष्ट झेलते रहे। अपने कष्टों की परवाह न कर उन्होंने अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध संघर्ष किया। राक्षसों के साथ उनके संघर्ष की पूरी कथा उनके उदात्त चरित्र को उजागर करती है। कष्टों के समय
 
आशुतोष कुमार राय
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गरीबी तो हमेशा ही बिकती है जी

इधर इस बात को लेकर बड़ा हंगामा रहा जी, कि देखो ये स्लमडॉग वाले भारत की गरीबी बेच रहे हैं। अब देखो जी, हम पाकिस्तान तो हैं नहीं कि आतंकवाद बेच दें। पाकिस्तान के सिर्फ कहने भर की देर होती है कि हमारे यहां आतंकवाद है और अमेरिका झट से मिलियंस और बिलियंस
 
आशुतोष कुमार राय
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मानवता की सेवा

सेवा का सीधा मतलब केवल धन के लिए काम करने तक सीमित मानना उचित नहीं है। यह मात्र व्यावसायिक अर्थो तक कर्मशील नहीं है , वरन नि : स्वार्थ भावना का विस्तृत क्षेत्र भी है। लोक सेवा का वास्तविक तात्पर्य जनहित तथा लोक कल्याण के उद्देश्य से उत्तरदायित्वपूर्ण
 
आशुतोष कुमार राय
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श्रीलंकाई टीम पर पाक में हमला

पाकिस्तान दौरे पर गई श्रीलंकाई क्रिकेट टीम पर मंगलवार को करीब एक दर्जन नकाबपोश आतंकवादियों ने घात लगाकर हमला कर दिया। इस हमले में श्रीलंकाई टीम के छह खिलाड़ी और कोच जख्मी हो गए। रॉकेट, हैंड ग्रेनेड और स्वचालित हथियारों से हुए इस हमले में आठ लोग मारे
 
आशुतोष कुमार राय
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‘कौन मैं’ 'कौंन तू’

वैदिक साहित्य में मानव और उसकी संस्कृति के विकास को रेखांकित करती असंख्य कथाएँ गुथी हुई हैं। आवश्यकता उनके सही अर्थ समझकर उनकी, आधुनिक संदर्भ में, नए सिरे से व्याख्या करने की है। पुराण और इतिहास को सृजन का आधार बनाया जाए या नहीं, इस पर दो मत हैं। एक
 
आशुतोष कुमार राय
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भारत का विभाजन

भारत का विभाजन विश्व इतिहास की सबसे विनाशकारी घटनाओं में से एक है। अगस्त, 1947 में भारत और पाकिस्तान में सत्ता का हस्तांतरण ब्रिटेन द्वारा उपनिवेशवादी को खत्म करने की दिशा में पहला महत्त्वपूर्ण कदम था, जिसके साथ उसकी अंतरराष्ट्रीय शक्ति के दूरगामी पर
 
आशुतोष कुमार राय
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हमारे चिंतन की मूलधारा

जब भी हमारे समाज में लड़कियों को शिक्षित करने की बात होती है, एक वर्ग के लोगों को यह बात नहीं रुचती। वे इसे अपनी परंपरा और संस्कृति के विरुद्ध मानते हैं। मैं नहीं जानता कि वे किस परंपरा और किस संस्कृति के आधार पर ऐसा कहते हैं ? जहाँ तक मेरी अपनी समझ
 
आशुतोष कुमार राय
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भइया, हम भी प्रधानमंत्री बनेंगे

इधर बिना किसी घोषणा के कई दिनों से कुछ नहीं लिखा। किसी ने नहीं मनाया कि क्यूँ नहीं लिख रहे, भैया । कारण-बिना मार्केटिंग कुछ भी हासिल नहीं। नहीं लिखना हो तो भी बताना पड़ता है कि नहीं लिखूँगा अब से। तब तो लोग चेतते हैं कि काहे नहीं लिखोगे भाई? क्या हुआ?
 
आशुतोष कुमार राय
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आग की भीख

धुँधली हुई दिशाएँ, छाने लगा कुहासा, कुचली हुई शिखा से आने लगा धुआँसा। कोई मुझे बता दे, क्या आज हो रहा है, मुंह को छिपा तिमिर में क्यों तेज सो रहा है? दाता पुकार मेरी, संदीप्ति को जिला दे, बुझती हुई शिखा को संजीवनी पिला दे। प्यारे स्वदेश के हित अँगार
 
आशुतोष कुमार राय
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चिंता

हिमगिरि के उत्तुंग शिखर पर, बैठ शिला की शीतल छाँह, एक पुरुष, भीगे नयनों से देख रहा था प्रलय प्रवाह। नीचे जल था ऊपर हिम था, एक तरल था एक सघन, एक तत्त्व की ही प्रधानता-कहो उसे जड़ या चेतन। दूर-दूर तक विस्तृत था हिम स्तब्ध उसी के हृदय-समान, नीरवता-सी शि
 
आशुतोष कुमार राय